अनूपपुर। उच्चतर शिक्षा विभाग शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार ने इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय, अमरकंटक में नए कुलपति की नियुक्ति के लिए 06 जून को विज्ञापन जारी कर दिया है। कुलपति के रूप में सर्वोच्च स्तर की सक्षमता, सत्यनिष्ठा, नैतिकता और संस्था के प्रति प्रतिबद्धता सम्पन्न प्रतिष्ठित शिक्षाविद को कुलपति बनाया जाना है। एक प्रतिष्ठित शिक्षाविद, जो विश्वविद्यालय में प्रोफेसर के रूप में न्यूनतम 10 वर्ष या प्रतिष्ठित अनुसंधान और/या अकादमिक संगठन में प्रशासनिक नेतृत्व का प्रदर्शन करने के प्रमाण के साथ 10 वर्ष का अनुभव रखता हो वहीँ कुलपति बनेगा। आवेदन प्राप्ति की समापन तिथि पर 65 वर्ष की आयु से अधिक आयु का नहीं होना वांछनीय है। *वेतन और सेवा शर्तें* कुलपति पद हेतु अन्य सामान्य भत्तों और 11250/- रुपए के विशेष भत्तों के साथ 2,10,000/- रुपए (नियत) प्रतिमाह का वेतन निर्धारित है। सेवाओं की निबंधन और शर्तें वह होंगी जो विश्वविद्यालय के अधिनियम एवं संविधियों तथा अध्यादेशों में दी गई है। कुलपति की नियुक्ति इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय अधिनियम, 2007 के प्रावधानों के अंतर्गत गठित एक समिति द्वारा सिफ़ारिश किए गए नामों के एक पैनल में से की जाएगी। उम्मीदवारों कोकेवल शिक्षा मंत्रालय समर्थ पोर्टल के माध्यम से आवेदन करना होगा। दिनांक 06.06.2024 से दिनांक 05.07.2024 तक कुलपति पद के लिए आवेदन करना होगा। *नए कुलपति के विज्ञापन साथ अब बड़े निर्णय नहीं हो सकेंगे* कुलपति की नियुक्ति इंदिरा गांधी राष्ट्रीय जनजातीय विश्वविद्यालय अधिनियम, 2007 के प्रावधानों के अंतर्गत गठित एक समिति द्वारा सिफ़ारिश किए गए नामों के एक पैनल में से की जाएगी। पैनल हेतु दो नाम विश्वविद्यालय के कार्यपरिषद् से भेजे जाते है लेकिन अभी तक वर्तमान कुलपति ने शिक्षा मंत्रालय भारत सरकार को पैनल हेतु दो नाम नहीं भेजे है जबकि इस सन्दर्भ में मंत्रालय का पत्र एक माह पूर्व आ चूका है। चूँकि विश्वविद्यालय मध्यप्रदेश में है इसकारण चयन समिति के पैनल हेतु दो नाम मध्यप्रदेश से जाना चाहिए। *प्रो श्रीप्रकाशमणि त्रिपाठी का पवार सीज होने पर शिक्षक संघ में हर्ष का माहौल* नए कुलपति की भर्ती के विज्ञापन के साथ ही प्रो श्रीप्रकाशमणि त्रिपाठी का पॉवर सीज हो गया है इससे शिक्षक संघ में हर्ष का माहौल है। शिक्षक संघ के वरिष्ठ पदाधिकारी ने नाम ना छपने की शर्तों पर बताया की एससी कम्युनिटी के दो एसोसिएट प्रोफेसर के होने वाले सस्पेंशन पर रोक लग सकेगा क्योंकि हाल ही में राजनीति विभाग एवं भाषा विज्ञान, आईजीएनटीयू के दो एसोसिएट प्रोफेसर को प्रो श्रीप्रकाशमणि त्रिपाठी ने नोटिस दिलवाया था क्योंकि उन दोनों ने फर्जी रोस्टर तथा भारी भ्रष्टाचार का विरोध किया था इसकारण उन्हें नोटिस दिया गया था तथा नोटिस के जवाब में पूर्वोत्तर हाईकोर्ट का निर्णय लगाकर जवाब दिया गया था। इन दोनों एसोसिएट प्रोफेसर द्वारा दिया गया जवाब से कुलपति खुद घेरे में आ गए तथा नाराज कुलपति ने हाल ही में एक प्रोफेसर को बताया कि अभी दोनों एसोसिएट प्रोफेसर को कार्यपरिषद से सस्पेंशन करवाएंगे लेकिन अब प्रो श्रीप्रकाशमणि का पॉवर सीज हो गया है।
जनजातीय विश्वविद्यालय में नए कुलपति की नियुक्ति के लिए भारत सरकार शिक्षा मंत्रालय ने जारी किया विज्ञापन*
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